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श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में
ई.एस.आई.एस. सेवा दोबारा शुरू
 विगत माह में ई.एस.आई.एस. ने अस्पताल को जारी किया 5 करोड़ का भुगतान
 श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने त्वरित कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री धामी का जताया आभार
 ई.एस.आई.एस. अस्पताल के बकाया बिलों के भुगतान को भी जल्द करेगा जारी
 भविष्य में भी निरन्तर अंतराल पर जारी होता रहेगा अस्पताल के बकाया बिलों का भुगतान
देहरादून। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ई.एस.आई.एस.) के लाभार्थियों के लिए दोबारा उपचार की सेवाएं जल्द शुरू हो रही हैं। लंबे समय से श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के बकाया बिलों का भुगतान न हो पाने के कारण अस्पताल में ई.एस.आई.एस. के लाभार्थियों का उपचार बंद था। बकाया बिलों के लंबित भुगतान की राशि 45 करोड़ रुपये तक पहुंच गई थी। मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड के हस्तक्षेप व ई.एस.आई.एस. के उच्च पदाधिकारियों से वार्ता के बाद ई.एस.आई.एस. अस्पताल के लंबित बिलों के भुगतान को जल्द जारी करने जा रहा है। विगत माह में ई.एस.आई.एस. ने 5 करोड़ रुपये का भुगतान अस्पताल को जारी किया है। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के चेयरमैन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने त्वरित कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताया है। यह जानकारी श्री महंत इन्दिेरश अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (बिग्रे) डाॅ प्रेरक मित्तल (से.नि.) ने दी।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (बिग्रे) डाॅ प्रेरक मित्तल (से.नि.) ने जानकारी दी कि पूर्व की भांति श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ई.एस.आई.एस.) के लाभार्थियों के लिए दोबारा उपचार सेवा शीघ्र शुरू हो रही है। कर्मचारी संगठनों ने श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में दोबारा ई.एस.आई.एस. लाभार्थियों के उपचार की सेवा शुरू होने का स्वागत कर खुशी व्यक्त की है। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में ई.एस.आई.एस. सेवा शुरू होने से योजना के लाभार्थियों को एक छत के नीचे सम्पूर्ण इलाज की सुविधा मिलेगी। अस्पताल प्रबन्धन ने ई.एस.आई.एस. के वरिष्ठ पदाधिकारियों का आभारत जताया।
हाल ही में कर्मचारी राज्य बीमा योजना की निदेशक श्रीमती दीप्ति रावत ने श्री दरबार साहिब में श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के चेयरमैन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज से भेंट कर अस्पताल में कर्मचारी राज्य बीमा योजना की सेवाओं को दोबारा शुरू किए जाने का अनुरोध किया था। श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज जी ने उन्हें शीघ्र ही अस्पताल में योजना को दोबारा शुरू किये जाने के लिए आश्वस्त किया था। इसी कड़ी में श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में लाभार्थियों के लिए दोबारा उपचार की सेवाएं शुरू हो रही हैं।

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By amit

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*उत्तराखण्ड में एसआईआर के बाद मतदाता सूची का प्रकाशन* अंतिम मतदाता सूची में 7158949 मतदाता शामिल नए मतदाताओं को सूची में शामिल करने के लिए चलेगा विशेष अभियान 8 जून से उत्तराखण्ड में हुई थी एसआईआर की शुरुआत 14 जुलाई को किया गया था ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन देहरादून। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर उत्तराखण्ड राज्य में 1 जुलाई 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान संपादित किया गया। उत्तराखण्ड में इस 8 जून 2026 से विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान की शुरुआत हुई जिसके बाद 14 जुलाई 2026 को प्रदेश में ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन किया गया। दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद शनिवार, 03 अक्टूबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन कर दिया गया है। प्रदेश में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान शुरु होने के दिन दिनांक 8 जून 2026 को प्रदेश में 7960762 मतदाता शामिल थे। गणना फार्म वितरण एवं संकलन के बाद प्रदेश में 14 जुलाई 2026 को ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन किया गया जिसमें 7133785 मतदाता मतदाता सूची में शामिल हुए। आयोग द्वारा निर्धारित तिथि के अनुसार 14 जुलाई 2026 से 13 अगस्त 2026 तक मतदाताओं को दावे एवं आपत्ति दर्ज कराने का समय दिया गया। इसी क्रम में 13 अगस्त 2026 से 28 सितंबर 2026 तक प्रदेश में दावे एवं आपत्तियों का निस्तारण किया गया। दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद शनिवार, 03 अक्टूबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया गया जिसमें 7158949 मतदाता सूची में शामिल हैं। वर्तमान में प्रदेश में कुल मतदेय स्थलों की संख्या 12543 है। अंतिम मतदाता सूची में शामिल 7158949 मतदाताओं में (3421036 महिला, 3737701 पुरुष, 212 थर्ड जेंडर मतदाता) शामिल हैं। इसके साथ ही प्रदेश में 18-19 आयुवर्ग में 72656 मतदाता, एवं 80 वर्ष से अधिक आयुवर्ग के 122892 मतदाता शामिल हैं। प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन में कुल 129872 नए मतदाता शामिल किए गए हैं जबकि 104708 मतदाताओं को नियमानुसार सूची से विलोपित किया गया है। मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाईट www.voter.eci.gov.in एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाईट www.ceo.uk.gov.in पर ऑनलाइन विजिट कर देखी जा सकती है। इसके साथ हीं डीईओ / ईआरओ कार्यालय एव बीएलओ से भी सूची प्राप्त की जा सकती है। मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद ऐसे व्यक्ति जो किन्ही कारणवश मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके हैं वे सभी फार्म 6 भरकर ईसीआई नेट ऐप के माध्यम से ऑनलाइन एवं अपने बीएलओ के माध्यम से ऑफलाइन मोड में भी आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए स्पेशल कैंप लगाए जाएंगे और बीएलओ को घर-घर जाकर जानकारी लेने का निर्देश दिया गया है। 1- बीएलओ वर्तमान मतदाता सूची का प्री-एसआईआर से पहले की सूची से मिलान करेंगे। वे ऐसे वोटरों की पहचान करेंगे जिनके नाम एसआईआर से पहले की सूची में शामिल थे, लेकिन मौजूदा सूची में नहीं हैं, और ऐसे वोटरों की एक लिस्ट तैयार करेंगे। 2- बीएलओ चिन्हित मतदाताओं के घर-घर जाकर उनकी मौजूदा स्थिति का पता लगाएंगे और जो लोग योग्य पाए जाएंगे, उनका नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने के लिए फॉर्म 6 भरवाने में मदद करेंगे। 3- बीएलओ घर-घर जाने के दौरान यह भी सुनिश्चित करेंगे कि जो मतदाता छूट गए हैं, पहली बार मतदान देने वाले हैं या युवा मतदाता हैं, उनके लिए फॉर्म 6 भरा जाए। 4- बीएलओ इस सूची को मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट्स के साथ साझा करेंगे। 5- इस प्रक्रिया के आखिर चरण में ईआरओ बूथवार सूची को राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी साझा करेंगे, ताकि उन्हें छूटे हुए मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करवाने का एक और अवसर मिल सके। 6- इसके साथ ही, मतदाता सूची में नाम शामिल करवाने हेतु आवेदन जमा करने में आसानी हो इसके लिए बूथ लेवल कैंप भी लगाए जाएंगे। नाइट शेल्टर, लेबर कॉलोनी में रहने वाले लोगों के साथ-साथ बेघर और हाशिए पर रहने वाले लोगों के नाम सूची में शामिल करने के लिए विशेष कैंप भी लगाए जाएंगें