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मिलावट-जमाखोरी पर चल रहा चाबुक, अभियान तेज
सीएम धामी के निर्देश पर प्रत्येक जिले में सरकारी मशीनरी कर रही कार्रवाई
-सभी डीएम को एक सप्ताह तक अभियान चलाने के निर्देश
-मंडलायुक्तों के कंधों पर डाला गया माॅनिटरिंग का दायित्व

देहरादून, 24 अगस्त। त्योहार के मौसम में मिलावट व जमाखोरी के खिलाफ सरकार ने कड़ा रूख अख्तियार कर लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर प्रत्येक जिले में सरकारी मशीनरी ने जांच अभियान तेज कर दिया है। जिलाधिकारियों से एक सप्ताह तक अभियान चलाने के लिए कहा गया है। मॉनिटरिंग का जिम्मा मंडलायुक्तों को दिया गया है।
राज्य सरकार के निर्देश पर सोमवार को हर जिले में जांच अभियान संचालित किया गया। जिला प्रशासन ने खाद्य संरक्षा एवं औैषधि प्रशासन के साथ मिलकर व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर सैपल लिए। कई दुकानदारों को नोटिस भी जारी किए गए और सडे़-गले या फिर एक्सपायरी डेट की खाद्य सामग्री को नष्ट करा दिया गया। टीम खाद्य सामग्री की गुणवत्ता के साथ ही चीनी की जमाखोरी और घरेलू सिलेंडरों के व्यावसायिक उपयोग की बारीकी से जांच कर रही है।
चमोली जिले में तीन सैंपल लेकर उन्हें परीक्षण के लिए लैब भिजवाया गया। एक्सपायरी डेट की खाद्य सामग्री पाए जानेे पर दो दुकानदारों को नोटिस जारी किया गया। साथ ही, संबंधित खाद्य सामग्री को नष्ट कर दिया गया। दो कंपनियों की सामग्री का लेबल पैकेजिंग एवं लैबलिंग रेगुलेशन के मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया। संबंधित निर्माताओं को नोटिस दिया जा रहा है।
रूद्रप्रयाग जिले में टीम ने 12 दुकानों का निरीक्षण कर छह सैंपल भरे। छह दुकानों में एक्सपायरी डेट का सामान मिलने पर दुकानदार को चेतावनी दी गई और सामान नष्ट कर दिया गया। अल्मोड़ा जनपद में दो मिठाइयों के सैंपल लिए गए। वहीं, बागेश्वर जनपद में आठ प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया और तीन सैंपल लिए गए। पिथौरागढ़ जनपद में दो सैंपल लिए जाने की सूचना दी गई है। चंपावत जिले में जांच अभियान एक अगस्त से चल रहा है। वहां पर अभी तक 21 स्थानों पर निरीक्षण किया गया है। इनमेें दस जगहों पर सैंपल लेकर उन्हें लैब भेजा गया है। सर्वे के लिए तीन सैंपल लिए गए हैं।
देहरादून में भी सोमवार को जिला प्रशासन ने जांच अभियान चलाया। इस दौरान 11 खाद्य नमूने एकत्रित किए गए। तीन प्रतिष्ठानों को व्यवस्था मेें सुधार के लिए चेतावनी दी गई। जनपद में एक अगस्त से अभी तक 70 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 48 सैंपल एकत्रित किए गए हैं। सर्वे के लिए 20 सैंपल अलग से लिए गए हैं। 11 दुकानदारों को सुधार के लिए नोटिस दिया गया हैै। इसके अलावा, एडीएम कोर्ट में चार वाद दर्ज कराए गए हैं।
हरिद्वार में जांच अभियान 17 अगस्त से चल रहा है। अभी तक वहां पर 47 व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण का 27 सैंपल भरे गए हैं। दस दुकानदारों को नोटिस जारी किए गए हैं। इसके अलावा, विभिन्न कोर्ट में चार मामले दर्ज कराए गए हैं।
पौड़ी जनपद में सोमवार को दस सैंपल लिए गए। इनमें से छह सैंपल जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। धारा 36 के तहत एक वाद स्वीकृत किया गया है। नैनीताल जनपद में दस दुकानों का निरीक्षण कर छह सैंपल लिए गए। इन्हेें जांच के लिए लैब भेजा गया है। एक सैंपल सर्वे के लिए लिया गया है। एक प्रतिष्ठान में साफ सफाई न पाए जाने पर नोटिस जारी किया गया, जबकि दस किलो मिठाई मानकों के अनुरूप न होने पर नष्ट कराई गई।
टिहरी जनपद में भी सरकारी मशीनरी सक्रिय रही। सात व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर छह सैंपल एकत्रित किए गए। उत्तरकाशी जिले में सोमवार को कुल 15 स्थानों पर निरीक्षण किया गया और चार सैंपल लिए गए। बिना लाइसेंस खाद्य सामग्री बिक्री के एक मामले में नोटिस जारी किया गया।

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By amit

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*उत्तराखण्ड में एसआईआर के बाद मतदाता सूची का प्रकाशन* अंतिम मतदाता सूची में 7158949 मतदाता शामिल नए मतदाताओं को सूची में शामिल करने के लिए चलेगा विशेष अभियान 8 जून से उत्तराखण्ड में हुई थी एसआईआर की शुरुआत 14 जुलाई को किया गया था ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन देहरादून। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर उत्तराखण्ड राज्य में 1 जुलाई 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान संपादित किया गया। उत्तराखण्ड में इस 8 जून 2026 से विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान की शुरुआत हुई जिसके बाद 14 जुलाई 2026 को प्रदेश में ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन किया गया। दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद शनिवार, 03 अक्टूबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन कर दिया गया है। प्रदेश में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान शुरु होने के दिन दिनांक 8 जून 2026 को प्रदेश में 7960762 मतदाता शामिल थे। गणना फार्म वितरण एवं संकलन के बाद प्रदेश में 14 जुलाई 2026 को ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन किया गया जिसमें 7133785 मतदाता मतदाता सूची में शामिल हुए। आयोग द्वारा निर्धारित तिथि के अनुसार 14 जुलाई 2026 से 13 अगस्त 2026 तक मतदाताओं को दावे एवं आपत्ति दर्ज कराने का समय दिया गया। इसी क्रम में 13 अगस्त 2026 से 28 सितंबर 2026 तक प्रदेश में दावे एवं आपत्तियों का निस्तारण किया गया। दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद शनिवार, 03 अक्टूबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया गया जिसमें 7158949 मतदाता सूची में शामिल हैं। वर्तमान में प्रदेश में कुल मतदेय स्थलों की संख्या 12543 है। अंतिम मतदाता सूची में शामिल 7158949 मतदाताओं में (3421036 महिला, 3737701 पुरुष, 212 थर्ड जेंडर मतदाता) शामिल हैं। इसके साथ ही प्रदेश में 18-19 आयुवर्ग में 72656 मतदाता, एवं 80 वर्ष से अधिक आयुवर्ग के 122892 मतदाता शामिल हैं। प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन में कुल 129872 नए मतदाता शामिल किए गए हैं जबकि 104708 मतदाताओं को नियमानुसार सूची से विलोपित किया गया है। मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाईट www.voter.eci.gov.in एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाईट www.ceo.uk.gov.in पर ऑनलाइन विजिट कर देखी जा सकती है। इसके साथ हीं डीईओ / ईआरओ कार्यालय एव बीएलओ से भी सूची प्राप्त की जा सकती है। मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद ऐसे व्यक्ति जो किन्ही कारणवश मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके हैं वे सभी फार्म 6 भरकर ईसीआई नेट ऐप के माध्यम से ऑनलाइन एवं अपने बीएलओ के माध्यम से ऑफलाइन मोड में भी आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए स्पेशल कैंप लगाए जाएंगे और बीएलओ को घर-घर जाकर जानकारी लेने का निर्देश दिया गया है। 1- बीएलओ वर्तमान मतदाता सूची का प्री-एसआईआर से पहले की सूची से मिलान करेंगे। वे ऐसे वोटरों की पहचान करेंगे जिनके नाम एसआईआर से पहले की सूची में शामिल थे, लेकिन मौजूदा सूची में नहीं हैं, और ऐसे वोटरों की एक लिस्ट तैयार करेंगे। 2- बीएलओ चिन्हित मतदाताओं के घर-घर जाकर उनकी मौजूदा स्थिति का पता लगाएंगे और जो लोग योग्य पाए जाएंगे, उनका नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने के लिए फॉर्म 6 भरवाने में मदद करेंगे। 3- बीएलओ घर-घर जाने के दौरान यह भी सुनिश्चित करेंगे कि जो मतदाता छूट गए हैं, पहली बार मतदान देने वाले हैं या युवा मतदाता हैं, उनके लिए फॉर्म 6 भरा जाए। 4- बीएलओ इस सूची को मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट्स के साथ साझा करेंगे। 5- इस प्रक्रिया के आखिर चरण में ईआरओ बूथवार सूची को राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी साझा करेंगे, ताकि उन्हें छूटे हुए मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करवाने का एक और अवसर मिल सके। 6- इसके साथ ही, मतदाता सूची में नाम शामिल करवाने हेतु आवेदन जमा करने में आसानी हो इसके लिए बूथ लेवल कैंप भी लगाए जाएंगे। नाइट शेल्टर, लेबर कॉलोनी में रहने वाले लोगों के साथ-साथ बेघर और हाशिए पर रहने वाले लोगों के नाम सूची में शामिल करने के लिए विशेष कैंप भी लगाए जाएंगें