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चारधाम यात्रा के लिए पूर्ण समय, जल्दबाजी न करें तीर्थयात्रीः सचिव पर्यटन

देहरादून। 26 दिन पहले शुरू हुई चारधाम यात्रा का संचालन नियमानुसार व्यवस्थित ढंग से किया जा रहा है। उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद (यूटीडीबी) में शनिवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में सचिव पर्यटन ‌श्री दिलीप जावलकर ने कहा है कि चारधाम यात्रा के लिए अभी पूर्ण समय हैं। ऐसे में यात्रा के दौरान अव्यवस्थाओं से बचने के लिए तीर्थया‌त्री किसी भी प्रकार की जल्दबाजी न करें।

सचिव पर्यटन श्री दिलीप जावलकर ने कहा कि तीर्थयात्री अपनी यात्रा की योजना बेहतर बनाकर अपनी यात्रा को यादगार बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि बेहतर सड़कों और वाहनों की उपलब्धता से यात्रा की कुल समय अवधि कम हुई है। पहले अधिकांश यात्रा सरकारी वाहनों के माध्यम से की जाती थी और यात्रा में करीब नौ दिन का समय लगता था। इससे तीर्थ धामों में श्रद्धालुओं की भीड़ नहीं लगती थी। लेकिन अब बेहतर सड़क होने से तीर्थयात्री अपने निजी वाहनों से भी यात्रा कर रहे हैं और धामों तक पहुंचने में कम समय लग रहा। मौसम पूर्वानुमान की व्यवस्था पहले के मुकाबले बेहतर हुई है। अभी तक चारों धामों में करीब 11 लाख 45 हजार तीर्थयात्री दर्शन कर चुके हैं।

सचिव पर्यटन श्री दिलीप जावलकर ने जोर देकर कहा कि चारधाम यात्रा अमरनाथ यात्रा की तरह सिर्फ एक महीने की यात्रा नहीं है, बल्कि छह से सात महीने के लिए यह यात्रा चलती है। ऐसे में किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए तीर्थयात्री यात्रा के लिए कोई जल्दबाजी न करें। उन्होंने कहा कि सरकार चारधाम यात्रा को सुव्यवस्थित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। चारधाम यात्रा पर आने वाले नौजवानों से अनुरोध किया जाता है कि वे पहले बुजुर्ग एवं महिलाओं को दर्शन करने का मौका दें। ऑनलाइन बुकिंग और यात्रा पंजीकरण के दौरान किसी भी प्रकार की ठगी से बचने के लिए सिर्फ आधिकारिक वेबसाइट का ही प्रयोग करें। पूर्व से बीमार व्यक्ति अपने चिकित्सक का परामर्श पर्चा एवं चि‌कित्सक का संपर्क नम्बर एवं चिकित्सक द्वारा लिखी गयी दवाईयां अपने साथ रखें। अति वृद्ध एवं बीमार व्यक्तियों एवं पूर्व में कोविड से ग्रसित व्यक्तियों के लिए यात्रा पर न जाना या कुछ समय के लिए स्थगित करना उचित होगा। अब तक करीब 22 लाख 50 हजार तीर्थयात्री चारधाम यात्रा के लिए पंजीकरण कर चुके हैं।

पहली बार पर्यटन विभाग की ओर से तीर्थयात्रियों के पंजीकरण की व्यवस्था ‌की गई ह‌ै। विभाग की ओर से तीर्थयात्रियों का ऑनलाइन माध्यम से पंजीकरण कराया जा रहा है। तीर्थयात्री मोबाइल एप के जरिए भी ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं। कुछ दिनों पहले देखा गया था कि कुछ तीर्थयात्री ऑफलाइन माध्यम से एडवांस स्लॉट की बुकिंग करा उसी दिन दर्शन के लिए रवाना हो जा रहे हैं। ऐसे में धामों में क्षमता से अधिक भीड़ होने से तीर्थयात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसा करने वाले तीर्थयात्रियों की पुलिस जांच कर उन्हें बुकिंग तिथि के दिन ही यात्रा करने की सलाह दे रही है। जबकि जो तीर्थयात्री होटल और हेली सेवा की एडवांस बुकिंग कर चुके हैं, चैक पोस्ट पर उनके दस्तावेजों की जांच कर उन्हें आगे भेजा जा रहा है।

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By amit

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